राजस्थान सरकार के वित्त विभाग ने राज्य के कर्मचारियों और 70 वर्ष की आयु तक के पेंशनभोगियों के लिए कंपोजिट सैलरी अकाउंट पैकेज (CSAP) को लागू करने की आधिकारिक घोषणा की है। यह नई पहल राज्य सरकार के कर्मचारियों, राज्य स्वायत्त निकायों तथा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों से जुड़े कर्मियों के लिए तैयार की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य बैंकिंग, बीमा और कार्ड संबंधी विभिन्न सुविधाओं को एक ही मंच पर लाकर वित्तीय सुरक्षा को मजबूत करना और बैंकिंग सेवाओं को अधिक सुविधाजनक बनाना है।
पैकेज की मुख्य विशेषताएं और बैंकिंग लाभ
जारी सर्कुलर के अनुसार, यह पैकेज देश के सभी 12 सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSBs) के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अंतर्गत शून्य शेष (zero balance) वाला सैलरी खाता खोलने की सुविधा के साथ-साथ कई महत्वपूर्ण लाभ दिए जा रहे हैं। खाताधारकों को मुफ्त NEFT, RTGS, IMPS और UPI लेनदेन के साथ चेक बुक की सुविधा मिलेगी। इसके अलावा, होम लोन, व्हीकल लोन, एजुकेशन लोन और पर्सनल लोन पर रियायती ब्याज दरों का लाभ भी प्राप्त होगा। साथ ही, लॉकर रेंट और लोन प्रोसेसिंग चार्ज में छूट या रियायत तथा अप्रूव्ड पैकेज के अनुसार ओवरड्राफ्ट सुविधा भी इसमें शामिल की गई है।
बीमा और कार्ड से जुड़े सुरक्षा कवच
इस व्यापक पैकेज में वित्तीय सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बीमा और कार्ड से जुड़ी कई सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं। इनमें उन्नत व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर (Personal Accident Insurance Cover), एयर एक्सीडेंट इंश्योरेंस कवर, स्थायी पूर्ण और आंशिक विकलांगता कवर (Permanent Total and Partial Disability Cover) शामिल हैं। इसके अलावा, अतिरिक्त टॉप-अप सुविधा के साथ टर्म लाइफ इंश्योरेंस कवर और स्वयं तथा परिवार के लिए वैकल्पिक टॉप-अप लाभों के साथ व्यापक स्वास्थ्य बीमा कवर (Health Insurance Cover) भी प्रदान किया गया है। साथ ही, मूल्य वर्धित लाभों के साथ उन्नत डेबिट और क्रेडिट कार्ड सुविधाएं भी इस पैकेज का हिस्सा हैं।
कार्यान्वयन और चयन की प्रक्रिया
वित्त विभाग के निर्देशानुसार, इस योजना का लाभ उठाने के लिए कर्मचारी और पात्र पेंशनभोगी पूरी तरह से स्वतंत्र हैं। वे अपनी व्यक्तिगत पसंद और निर्णय के आधार पर 12 सूचीबद्ध सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में से किसी एक का चयन कर सकते हैं। यह योजना पूरी तरह से वैकल्पिक है। इस पहल के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए, सूचीबद्ध बैंक विभागों के प्रमुखों की सहमति से सरकारी कार्यालयों और परिसरों में ऑन-साइट सहायता शिविर आयोजित कर सकते हैं। इन शिविरों के माध्यम से नए खाते खोलने, पुराने खातों को स्थानांतरित करने और कर्मचारियों की जिज्ञासाओं का समाधान करने में सहायता दी जाएगी। इस पैकेज से जुड़ी विस्तृत जानकारी और प्रस्ताव वित्त विभाग तथा संबंधित बैंकों की आधिकारिक वेबसाइटों पर उपलब्ध कराए जाएंगे।
प्राथमिक स्रोत: यह स्वतंत्र समाचार-सार Rajasthan Finance Department की आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। पूरी जानकारी के लिए मूल दस्तावेज पढ़ें।


